Nemra/Ramgarh: झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मंगलवार को उनके पैतृक गांव नेमरा में कई राजनीतिक हस्तियों और गणमान्य लोगों ने मुलाकात की। इस दौरान मंत्री, सांसद, विधायक, पूर्व सांसद और पूर्व मंत्रियों ने मुख्यमंत्री की दिवंगत माता रूपी सोरेन के निधन पर शोक संवेदना व्यक्त की। सभी ने स्वर्गीय रूपी सोरेन के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। मुख्यमंत्री के पैतृक आवास पर मुलाकात करने पहुंचे जनप्रतिनिधियों और आगंतुकों ने शोक संतप्त परिवार के प्रति अपनी संवेदनाएं प्रकट कीं। वहीं, हेमंत सोरेन ने अपनी मां के दशकर्म और संस्कार भोज की तैयारियों का भी निरीक्षण किया।
मंत्री, सांसद और विधायकों ने व्यक्त की संवेदना
मंगलवार को नेमरा स्थित मुख्यमंत्री के पैतृक आवास पर शोक संवेदना व्यक्त करने वालों में झारखंड सरकार के मंत्री योगेंद्र प्रसाद, चतरा सांसद काली चरण सिंह और विधायक डॉ. कुशवाहा शशि भूषण मेहता शामिल रहे। इसके अलावा विधायक नागेंद्र महतो, सुदीप गुड़िया, बिहार के दरभंगा के एमएलसी सुनील चौधरी और पूर्व मंत्री सत्यानंद भोक्ता ने भी मुख्यमंत्री से मुलाकात की। पूर्व राज्यसभा सांसद दीपक प्रकाश, पूर्व सांसद रविंद्र कुमार राय, पूर्व विधायक देवेंद्र कुमार सिंह उर्फ बिट्टू सिंह और जानकी यादव तथा दिनेशानंद गोस्वामी समेत अन्य गणमान्य व्यक्ति भी नेमरा पहुंचे। सभी आगंतुकों ने स्वर्गीय रूपी सोरेन के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धासुमन अर्पित किए। इस दौरान मुख्यमंत्री और उनके परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की गई।
दशकर्म और संस्कार भोज की तैयारियों का मुख्यमंत्री ने लिया जायजा
मां रूपी सोरेन के निधन के बाद उनके श्राद्धकर्म से जुड़ी पारंपरिक रस्मों की तैयारियां नेमरा में चल रही हैं। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने मंगलवार को इन तैयारियों का निरीक्षण किया और व्यवस्थाओं की जानकारी ली। निरीक्षण के दौरान उन्होंने कार्यक्रम के लिए लगाए जा रहे पंडाल, पार्किंग व्यवस्था, बैरिकेडिंग और अन्य जरूरी सुविधाओं की स्थिति देखी। उन्होंने तैयारियों का जायजा लेकर व्यवस्थाओं से संबंधित जानकारी प्राप्त की। दशकर्म और संस्कार भोज के आयोजन को लेकर परिसर में आवश्यक इंतजाम किए जा रहे हैं, ताकि कार्यक्रम में आने वाले लोगों को किसी तरह की असुविधा न हो।
7 अक्टूबर को हुआ था रूपी सोरेन का निधन
गौरतलब है कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की माता रूपी सोरेन का 7 अक्टूबर 2026 की रात रांची के एक निजी अस्पताल में निधन हो गया था। वह झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री और झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के संस्थापक दिशोम गुरु शिबू सोरेन की पत्नी थीं। 8 अक्टूबर को रामगढ़ जिले के नेमरा गांव स्थित उनके पैतृक आवास पर पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ अंतिम संस्कार किया गया था। इसके बाद परिवार की ओर से स्थानीय परंपराओं के अनुसार श्राद्धकर्म की रस्में निभाई जा रही हैं। मुख्यमंत्री के पैतृक आवास पर लगातार राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्र से जुड़े लोगों के पहुंचने का सिलसिला जारी है। लोग स्वर्गीय रूपी सोरेन को श्रद्धांजलि देने के साथ शोकाकुल परिवार के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त कर रहे हैं।



