Saharsa: बिहार के सहरसा जिले के मनौरी गांव में रविवार शाम गैस सिलेंडर से रिसाव के कारण आग लग गई। देखते ही देखते आग ने तीन परिवारों के घरों को अपनी चपेट में ले लिया। इस घटना में घरों में रखा अनाज, कपड़े, बर्तन, फर्नीचर और अन्य घरेलू सामान जलकर नष्ट हो गया। हादसे के बाद प्रभावित परिवारों के सामने रहने और रोजमर्रा की जरूरतें पूरी करने का संकट खड़ा हो गया है।
खाना बनाने के दौरान सिलेंडर में लगी आग
घटना नगर पंचायत क्षेत्र के मनौरी गांव की है। जानकारी के अनुसार, रविवार शाम पप्पू यादव के घर में खाना बनाया जा रहा था। इसी दौरान गैस सिलेंडर से रिसाव होने लगा और उसमें आग लग गई। आग की लपटें तेजी से फैलने लगीं। देखते ही देखते पड़ोस में रहने वाले मनीष यादव और अजीत यादव के ईंट और एस्बेस्टस से बने घर भी आग की चपेट में आ गए। अचानक हुई इस घटना से गांव में अफरा-तफरी मच गई।
ग्रामीणों ने मिलकर आग पर पाया काबू
आग लगने की सूचना मिलते ही ग्रामीण मौके पर जुट गए। लोगों ने अग्निशमन सिलेंडरों की मदद से आग बुझाने का प्रयास शुरू किया। काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका। हालांकि, तब तक तीनों परिवारों के घरों में रखा काफी सामान जल चुका था। अनाज, कपड़े, बर्तन, फर्नीचर और दैनिक उपयोग की दूसरी वस्तुओं के नष्ट होने से परिवारों को भारी आर्थिक नुकसान हुआ है।
मुआवजे के लिए अंचलाधिकारी को दिया आवेदन
इस अग्निकांड के बाद प्रभावित परिवारों के सामने घर-गृहस्थी दोबारा बसाने की चुनौती है। पीड़ित परिवारों ने सोनवर्षाराज के अंचलाधिकारी ललन चौधरी को आवेदन देकर नुकसान का आकलन कराने और उचित मुआवजा देने की मांग की है। अब पीड़ित परिवारों को प्रशासन की ओर से राहत मिलने का इंतजार है। नुकसान का आकलन होने और प्रशासनिक कार्रवाई के बाद ही मुआवजे को लेकर स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।



