Ranchi: 7 मई को रांची के बालसिरिंग पुल के पास मिले दो नाबालिगों के शवों के रहस्य से धुर्वा पुलिस ने पर्दा उठा दिया है। इस दोहरे हत्याकांड में मुख्य आरोपी दिपेश कांडीर को पुलिस ने खूंटी से गिरफ्तार कर लिया है। दिल दहला देने वाले इस मामले की जड़ प्रेम, विश्वासघात और प्रतिशोध से जुड़ी है।
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दुष्कर्म का बदला बनी हत्या की वजह
पूछताछ में आरोपी दिपेश ने कबूला कि उसकी प्रेमिका के साथ दुष्कर्म करने वाले खुदिया मुंडा से बदला लेने के लिए हत्या की साजिश रची गई थी। योजना के तहत युवती ने खुदिया को मिलने के बहाने रांची बुलाया। लेकिन, खुदिया के साथ मौजूद निर्दोष युवक लुका मुंडा भी इस हिंसक साजिश का शिकार हो गया।
तीन दिन बाद हुई पहचान
धुर्वा थाना क्षेत्र के बालसिरिंग पुल के पास दोनों शव बरामद होने के बाद पुलिस के लिए पहचान एक बड़ी चुनौती थी। तीन दिन बाद दोनों की पहचान खूंटी निवासी खुदिया मुंडा और लुका मुंडा के रूप में हुई। बताया गया कि दोनों अपने चाचा के निधन की सूचना देने रांची आए थे।
DIG-SSP की पहल से खुला मामला
DIG सह SSP चंदन कुमार सिन्हा को जब गुप्त सूचना मिली, तो त्वरित कार्रवाई करते हुए खूंटी से आरोपी दिपेश को गिरफ्तार किया गया। पुलिस अब पूरे घटनाक्रम की कड़ियों को जोड़ते हुए इस हत्याकांड से जुड़े अन्य संभावित आरोपियों या सहयोगियों की तलाश में जुट गई है।
इस घटना ने रांची समेत पूरे झारखंड को झकझोर कर रख दिया है। प्रेम, प्रतिशोध और हिंसा के इस त्रिकोणीय जाल में दो मासूम जानें चली गईं, जिनमें एक का कोई दोष ही नहीं था।

