- उद्योग, डिजिटल परिवर्तन और पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा, मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की मौजूदगी में हुए समझौते
Ranchi: झारखंड ने उद्योग, प्रौद्योगिकी और पर्यटन क्षेत्र में बड़े निवेश आकर्षित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया है। राष्ट्रीय हितधारक परामर्श (National Stakeholders’ Consultation) के समापन सत्र में राज्य सरकार ने विभिन्न क्षेत्रों में 14 सहमति पत्र (MoU) पर हस्ताक्षर किए। इन समझौतों के जरिए राज्य में ₹99,639 करोड़ के प्रस्तावित निवेश का मार्ग प्रशस्त हुआ है।
जिंदल समूह करेगा सबसे बड़ा निवेश
उद्योग विभाग के तहत हुए समझौतों में जिंदल स्टील लिमिटेड ने ₹40,000 करोड़ और जिंदल न्यूक्लियर पावर प्राइवेट लिमिटेड ने ₹30,000 करोड़ के निवेश का प्रस्ताव दिया है। सरकार का कहना है कि ये निवेश राज्य की औद्योगिक क्षमता और निवेशकों के भरोसे को दर्शाते हैं।
Google Cloud और Wadhwani Group के साथ डिजिटल साझेदारी
राज्य सरकार ने डिजिटल बुनियादी ढांचे और ई-गवर्नेंस को मजबूत करने के लिए Google Cloud और Wadhwani Group के साथ भी समझौते किए हैं। इन साझेदारियों का उद्देश्य सरकारी सेवाओं को अधिक प्रभावी और तकनीक आधारित बनाना है।
पर्यटन को बढ़ावा देने पर भी जोर
पर्यटन क्षेत्र में Tata Motors के साथ ‘माइनिंग टूरिज्म’ को विकसित करने और EaseMyTrip Planners के साथ पर्यटन प्रचार एवं पर्यटकों तक पहुंच बढ़ाने के लिए रणनीतिक साझेदारी की गई है। सरकार का मानना है कि इससे राज्य के पर्यटन उद्योग को नई गति मिलेगी।
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की मौजूदगी में हुए समझौते
सभी MoU पर हस्ताक्षर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की उपस्थिति में हुए। इस अवसर पर मंत्री दीपिका पांडेय, संजय प्रसाद यादव, सुदिव्य कुमार, इरफान अंसारी, मुख्य सचिव अविनाश कुमार और विकास आयुक्त अजय कुमार सिंह समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
राज्य सरकार की ओर से सूचना प्रौद्योगिकी सचिव पूजा सिंघल, उद्योग सचिव अरवा राजकमल और पर्यटन सचिव मुकेश कुमार ने संबंधित कंपनियों के प्रतिनिधियों के साथ समझौतों पर हस्ताक्षर किए।
सरकार का दावा
राज्य सरकार के अनुसार, इन समझौतों से झारखंड में औद्योगिक विकास को गति मिलेगी, रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और राज्य तकनीक व सतत पर्यटन के क्षेत्र में नई पहचान बनाएगा।



