Chatra: झारखंड के चतरा जिले में सड़क की बदहाली ने ग्रामीणों की परेशानी बढ़ा दी है। करीब 3 किलोमीटर लंबी सड़क पर जगह-जगह बड़े-बड़े गड्ढे बन गए हैं, जिससे लोगों का आवागमन मुश्किल हो गया है। स्थिति यह है कि ग्रामीण अब सरकारी व्यवस्था का इंतजार करने के बजाय आपसी सहयोग से चंदा जुटाकर सड़क की मरम्मत कराने को मजबूर हैं।
बारिश के बाद सड़क की हालत और खराब हो गई है। गड्ढों में पानी भर जाने के कारण वाहन चालकों को सड़क की वास्तविक स्थिति का अंदाजा नहीं लग पाता। इससे दुर्घटना का खतरा भी बना रहता है। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क लंबे समय से जर्जर है, लेकिन समस्या के समाधान के लिए ठोस पहल नहीं हुई।
तीन किलोमीटर सड़क पर गड्ढों का जाल
ग्रामीणों के अनुसार लगभग तीन किलोमीटर के इस मार्ग पर शायद ही कोई हिस्सा ऐसा बचा हो, जहां सड़क पूरी तरह ठीक हो। जगह-जगह बने गड्ढों के कारण दोपहिया और चारपहिया वाहन चालकों को काफी सावधानी से गुजरना पड़ता है।
बारिश के मौसम में हालात और चुनौतीपूर्ण हो जाते हैं। सड़क के गड्ढों में पानी जमा होने से राहगीरों को भी परेशानी होती है। स्थानीय लोगों के लिए यह रास्ता रोजमर्रा की आवाजाही का महत्वपूर्ण माध्यम है, इसलिए सड़क की खराब स्थिति का सीधा असर उनके दैनिक जीवन पर पड़ रहा है।
चंदा जुटाकर ग्रामीण खुद कर रहे मरम्मत
सड़क की लगातार बिगड़ती हालत से परेशान ग्रामीणों ने अब अपने स्तर पर रास्ता ठीक करने का प्रयास शुरू किया है। इसके लिए स्थानीय लोगों से चंदा जुटाया जा रहा है और उसी पैसे से गड्ढों को भरने तथा सड़क को चलने लायक बनाने का काम किया जा रहा है।
ग्रामीणों का यह कदम सरकारी व्यवस्था पर सवाल भी खड़ा करता है। लोगों का कहना है कि सड़क जैसी बुनियादी सुविधा के लिए उन्हें अपनी जेब से पैसा खर्च करना पड़ रहा है।
ग्रामीणों के सामने बड़ी परेशानियां
जर्जर सड़क के कारण स्थानीय लोगों को कई तरह की समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है:
- रोजाना आवागमन में परेशानी
- दोपहिया वाहनों से चलना मुश्किल
- बारिश में गड्ढों में पानी भरने से खतरा
- वाहनों के खराब होने की आशंका
- मरीजों को अस्पताल ले जाने में परेशानी
- स्कूली बच्चों और राहगीरों को दिक्कत
बारिश ने बढ़ाई मुश्किल
मानसून के दौरान सड़क की स्थिति तेजी से खराब हुई है। पानी की निकासी सही नहीं होने और लगातार बारिश के कारण गड्ढों का आकार बढ़ता जा रहा है। ग्रामीणों को आशंका है कि यदि जल्द स्थायी मरम्मत नहीं हुई तो आने वाले दिनों में रास्ता और ज्यादा खराब हो सकता है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि अस्थायी रूप से गड्ढे भरने से कुछ समय के लिए राहत मिल सकती है, लेकिन सड़क की पूरी तरह मरम्मत जरूरी है।
सड़क की स्थायी मरम्मत की मांग
ग्रामीणों ने संबंधित विभाग और प्रशासन से सड़क की स्थिति का जायजा लेकर जल्द स्थायी मरम्मत कराने की मांग की है। उनका कहना है कि केवल गड्ढे भरने से समस्या का समाधान नहीं होगा। सड़क की गुणवत्ता और जल निकासी व्यवस्था पर भी ध्यान देना जरूरी है।
ग्रामीणों का चंदा जुटाकर सड़क सुधारने का प्रयास इस बात को दिखाता है कि स्थानीय लोग समस्या से कितने परेशान हैं। अब उनकी नजर प्रशासन की ओर है कि कब इस जर्जर सड़क के स्थायी समाधान की दिशा में कदम उठाया जाता है।
सरकारी व्यवस्था पर उठ रहे सवाल
सड़कें किसी भी क्षेत्र के विकास की बुनियादी जरूरत होती हैं। ग्रामीण इलाकों में सड़क खराब होने का असर सिर्फ आवागमन पर नहीं पड़ता, बल्कि शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और स्थानीय कारोबार पर भी पड़ सकता है।
चतरा की इस सड़क की स्थिति ऐसे समय में सामने आई है, जब ग्रामीण क्षेत्रों में बेहतर सड़क संपर्क को विकास का महत्वपूर्ण आधार माना जाता है। ऐसे में जरूरत है कि संबंधित विभाग समस्या का संज्ञान लेकर सड़क की स्थिति सुधारने के लिए ठोस कदम उठाए।


