Begusarai: बिहार के बेगूसराय में रंगदारी को लेकर सोमवार तड़के एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है। छौड़ाही थाना क्षेत्र के नारायणपीपड़ गांव में बदमाशों ने एक किसान के घर को निशाना बनाकर ताबड़तोड़ फायरिंग की। आरोप है कि 20 लाख रुपये की रंगदारी नहीं देने पर बदमाशों ने किसान विजय राय के घर पर 40 से अधिक राउंड गोलियां चलाईं और मौके से फरार हो गए। घटना के बाद पूरे इलाके में दहशत का माहौल है। सुबह-सुबह हुई गोलीबारी की आवाज से ग्रामीणों में अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल से कई साक्ष्य जुटाए।
20 लाख की रंगदारी को लेकर फायरिंग का आरोप
जानकारी के अनुसार, नारायणपीपड़ गांव निवासी किसान विजय राय के घर को कथित तौर पर रंगदारी के लिए निशाना बनाया गया। आरोप है कि बदमाशों ने पहले 20 लाख रुपये की मांग की थी। रंगदारी की रकम नहीं देने के बाद सोमवार सुबह करीब चार बजे बदमाशों ने उनके घर पर गोलीबारी शुरू कर दी। बताया जा रहा है कि हमलावरों ने 40 से अधिक राउंड फायरिंग की। इसके बाद सभी आरोपी मौके से भाग निकले। हालांकि, रंगदारी मांगने और फायरिंग के पीछे कौन लोग शामिल हैं, इसकी आधिकारिक पुष्टि और आरोपियों की पहचान अभी नहीं हो सकी है।
घटनास्थल से 20 खोखे और एक चप्पल बरामद
फायरिंग की सूचना मिलने के बाद छौड़ाही थाना की पुलिस घटनास्थल पर पहुंची। पुलिस ने मौके का निरीक्षण करने के साथ साक्ष्य जुटाए। प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, घटनास्थल से करीब 20 खोखे और एक चप्पल बरामद किए गए हैं। पुलिस अब बरामद साक्ष्यों और घटना से जुड़े अन्य तथ्यों के आधार पर मामले की जांच कर रही है। फायरिंग में घर और आसपास के हिस्से को कितना नुकसान हुआ है, इसकी भी जानकारी जुटाई जा रही है।
सुबह-सुबह गोलियों की आवाज से दहशत
सोमवार तड़के करीब चार बजे हुई इस घटना से गांव में डर का माहौल बन गया। ग्रामीणों के मुताबिक, अचानक लगातार गोलियों की आवाज सुनाई देने के बाद लोग अपने घरों से बाहर निकलने से भी बचते रहे। घटना के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है। बदमाशों तक पहुंचने के लिए घटना से जुड़े तमाम पहलुओं की पड़ताल की जा रही है।
पुलिस जांच के बाद सामने आएगी पूरी तस्वीर
बेगूसराय में रंगदारी को लेकर हुई इस कथित गोलीबारी ने एक बार फिर इलाके में अपराध और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल पुलिस के सामने हमलावरों की पहचान करने और घटना के पीछे की वास्तविक वजह पता लगाने की चुनौती है। जांच में यह भी स्पष्ट होगा कि वास्तव में 20 लाख रुपये की रंगदारी की मांग की गई थी या घटना के पीछे कोई अन्य विवाद था। पुलिस की कार्रवाई और आधिकारिक बयान के बाद ही मामले की पूरी तस्वीर साफ हो सकेगी।




