Nawada: बिहार में जमीन विवाद से जुड़ा एक और मामला सामने आया है। नवादा जिले के वारिसलीगंज प्रखंड के हेमदा गांव में जमीन को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद इतना बढ़ गया कि जमकर लाठी-डंडे चले। इस हिंसक झड़प में करीब एक दर्जन लोगों के घायल होने की सूचना है। सभी घायलों का अस्पताल में इलाज कराया जा रहा है। घटना का वीडियो भी सामने आया है। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी।
हेमदा गांव में जमीन को लेकर भिड़े दो पक्ष
मिली जानकारी के अनुसार, हेमदा गांव में अवधेश यादव और नीतीश यादव पक्ष के बीच जमीन को लेकर विवाद हुआ। देखते ही देखते कहासुनी ने मारपीट का रूप ले लिया। दोनों पक्षों के बीच लाठी-डंडे चलने लगे, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई। इस घटना में करीब 12 लोगों के घायल होने की बात सामने आई है। घायलों को इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया। हालांकि, घायलों की पहचान, उनकी चोटों की गंभीरता और विवाद के दौरान किस पक्ष की क्या भूमिका रही, इसकी विस्तृत जानकारी जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।
जमीन विवाद का मामला पहले से कोर्ट में लंबित
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, दोनों पक्षों के बीच जमीन को लेकर पहले से ही न्यायालय में मुकदमा चल रहा है। इसके बावजूद विवाद का हिंसक रूप लेना कानून-व्यवस्था और जमीन से जुड़े मामलों के शांतिपूर्ण समाधान पर सवाल खड़े करता है। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि घटना के दिन विवाद किस बात को लेकर शुरू हुआ और मारपीट की नौबत कैसे आई। पुलिस दोनों पक्षों के बीच विवाद की पृष्ठभूमि और घटना में शामिल लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।
सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस
घटना की सूचना मिलने के बाद वारिसलीगंज थानाध्यक्ष पंकज कुमार सैनी पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने स्थिति को शांत कराया और मामले की जानकारी जुटाई। थानाध्यक्ष के अनुसार, जमीन को लेकर दोनों पक्षों के बीच पहले से न्यायालय में मामला चल रहा है। पुलिस को आवेदन मिलने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। जांच में घटना से जुड़े तथ्यों और मारपीट में शामिल लोगों की भूमिका का पता लगाया जाएगा।
जमीन विवाद में हिंसा से बढ़ी चिंता
नवादा के हेमदा गांव की यह घटना बताती है कि जमीन से जुड़े विवाद समय रहते नहीं सुलझने पर गंभीर रूप ले सकते हैं। ऐसे मामलों में कानूनी प्रक्रिया का पालन करना और किसी भी तरह की हिंसा से बचना जरूरी है। फिलहाल पुलिस जांच जारी है और मामले में आगे की कार्रवाई जांच के निष्कर्षों तथा प्राप्त शिकायत के आधार पर होगी।



