Ranchi : रांची की प्रमुख झील, स्वामी विवेकानंद सरोवर, की जमीन का बड़ा हिस्सा गायब होने का मामला सामने आया है। नगर निगम की जांच में पता चला कि तालाब के चारों ओर के हिस्सों में अवैध कब्जा हो गया है।
दस्तावेजों के अनुसार, तालाब और उसके आसपास 53 एकड़ जमीन नगर निगम के पास है, जिसमें से 17 एकड़ पर अभी भी तालाब मौजूद है। इसका मतलब है कि तालाब की 36 एकड़ जमीन किसी कारणवश गायब हो गई है। यह खुलासा तब हुआ जब नगर निगम ने संपत्तियों को डिजिटलाइजेशन के लिए छानबीन शुरू की।
इतिहास में यह तालाब 180 साल पहले 52 एकड़ क्षेत्र में खोदा गया था और 1845 में कुंवर श्रीनाथ ने पक्के घाट का निर्माण करवाया था। अब नगर निगम इस क्षेत्र की विस्तृत मापी कराने जा रहा है, जिसमें ड्रोन मैपिंग और आधुनिक संसाधनों का उपयोग करके अवैध कब्जे की पहचान की जाएगी।
नगर निगम के अपर प्रशासक की निगरानी में टीम सोमवार से विशेष अभियान शुरू करेगी। जांच में अवैध कब्जे वाले निर्माणों की वैधता की जांच की जाएगी और आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।



