Ranchi : कांके विधानसभा क्षेत्र में जनसंघर्षों की नई लहर उठ चुकी है। शिक्षा, स्वास्थ्य, बेरोज़गारी, पारदर्शिता और जल-जंगल-जमीन जैसे मुद्दों पर वर्षों से काम कर रहे सैकड़ों RTI कार्यकर्ता और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने आज भाकपा (माले) के साथ जुड़कर एकजुटता का ऐतिहासिक संदेश दिया।

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यह महत्वपूर्ण घटनाक्रम रांची के पुराने विधानसभा भवन में आयोजित एक भव्य कार्यक्रम में सामने आया, जहां मंच से जनराजनीति की ताकत को विस्तार देने की बात कही गई। इस मौके पर सिंदरी विधायक चंद्रदेव महतो और पूर्व विधायक विनोद सिंह ने नए साथियों का गर्मजोशी से स्वागत किया। उन्होंने कहा कि यह कदम जनआंदोलनों को एक सशक्त राजनीतिक मंच प्रदान करेगा।
भाकपा (माले) के राज्य सचिव मनोज भक्त, नेत्री गीता मंडल, खुशबू दांगी और जयंती चौधरी की उपस्थिति ने कार्यक्रम को प्रेरणास्पद बना दिया।
आरटीआई कार्यकर्ता सरफराज अंसारी ने कहा कि अब समय आ गया है कि जनहित के संघर्षों को संगठित राजनीतिक ताकत दी जाए। रेहान अंसारी ने बेरोज़गारी और शिक्षा में गिरते स्तर पर चिंता जताई, जबकि जफर अंसारी ने कहा कि “जब तक हम जनमुद्दों को राजनीति में केंद्र नहीं बनाएंगे, तब तक बदलाव नहीं होगा।”
इस अवसर पर सोनी देवी, रूद्र कच्छप, भादी प्रकाश उरांव, गुल मोहम्मद, दीपक उरांव, सुरेश उरांव, डॉ. जमील अख्तर, सुमन देवी, करीमन खातून सहित दर्जनों जनपक्षधर चेहरे भाकपा (माले) से औपचारिक रूप से जुड़े।
पार्टी नेतृत्व ने यह भी घोषणा की कि कांके, बेड़ो, नगड़ी, रांची समेत आसपास के ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में जनसुनवाइयां, जनसभाएं, पदयात्राएं और अभियान चलाकर जनता की आवाज़ को बुलंद किया जाएगा।
यह एकजुटता सिर्फ पार्टी विस्तार नहीं, जन-राजनीति को नया आधार देने की दिशा में उठाया गया अहम कदम माना जा रहा है।


