Chester-le-Street : भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने इंग्लैंड के खिलाफ तीसरे और निर्णायक एकदिवसीय मुकाबले में 13 रन से रोमांचक जीत दर्ज कर तीन मैचों की सीरीज 2-1 से अपने नाम कर ली। यह मुकाबला चेस्टर-ले-स्ट्रीट में खेला गया, जिसमें भारत की ओर से कप्तान हरमनप्रीत कौर का शानदार शतक और गेंदबाज क्रांति गौड की घातक गेंदबाजी निर्णायक साबित हुई।
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टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करते हुए भारत ने 50 ओवरों में 5 विकेट के नुकसान पर 318 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया। कप्तान हरमनप्रीत कौर ने 84 गेंदों पर नाबाद 102 रन की पारी खेली, जिसमें उन्होंने 14 चौके लगाए। उनके साथ जेमिमा रोड्रिग्स ने आक्रामक 50 रन बनाए, जबकि हरलीन देओल और स्मृति मंधाना ने 45-45 रन की अहम पारियां खेली।
318 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी इंग्लैंड की टीम ने अच्छी शुरुआत की और मुकाबला काफी हद तक कांटे का रहा। इंग्लैंड की तरफ से नैट स्किवर-ब्रंट ने 98 रन बनाए और एम्मा लैम्ब ने 68 रन की सधी हुई पारी खेली, लेकिन भारत की गेंदबाज क्रांति गौड ने कमाल की गेंदबाजी करते हुए इंग्लैंड की उम्मीदों पर पानी फेर दिया। उन्होंने 10 ओवर में 52 रन देकर 6 महत्वपूर्ण विकेट चटकाए।
इंग्लैंड की टीम पूरे 50 ओवर में 9 विकेट खोकर सिर्फ 296 रन ही बना सकी और 13 रन से मुकाबला हार गई। इस जीत के साथ भारत ने विदेश में एक और महत्वपूर्ण सीरीज अपने नाम कर ली है, जो महिला क्रिकेट के लिए एक गौरवशाली क्षण है।
कप्तान हरमनप्रीत कौर को उनकी बेहतरीन शतकीय पारी के लिए ‘प्लेयर ऑफ द मैच’ घोषित किया गया। वहीं, पूरी टीम के प्रदर्शन की चारों ओर सराहना हो रही है। बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों क्षेत्रों में भारतीय खिलाड़ियों ने इंग्लैंड जैसी मजबूत टीम को कड़ी टक्कर दी और अंततः ऐतिहासिक जीत हासिल की।
यह जीत भारत के महिला क्रिकेट इतिहास में एक और सुनहरा अध्याय जोड़ने वाली साबित हुई है, जिससे आने वाले समय में टीम का आत्मविश्वास और बढ़ेगा।

