- झारखंड आदिवासी सरना विकास समिति की व्यापक तैयारी, स्वच्छता अभियान से लेकर श्रद्धालुओं की सेवा तक हर मोर्चे पर रहेगी विशेष निगरानी
मुकेश रंजन
Ranchi : 16 जुलाई 2026 से शुरू होने वाले ऐतिहासिक रथ यात्रा मेला महोत्सव को सुव्यवस्थित, सुरक्षित एवं स्वच्छ वातावरण में संपन्न कराने के लिए झारखंड आदिवासी सरना विकास समिति, धुर्वा (रांची) ने अपनी तैयारियां पूरी कर ली हैं। समिति की ओर से प्रत्येक वर्ष की तरह इस बार भी 300 से अधिक महिला एवं पुरुष स्वयंसेवक निर्धारित ड्रेस कोड, हरी पट्टी एवं पहचान-पत्र (आई-कार्ड) के साथ मेले में सेवा कार्य की जिम्मेदारी संभालेंगे। इसके लिए आयोजित तैयारी बैठक में सेवा व्यवस्था की विस्तृत रूपरेखा तय की गई।
बैठक की अध्यक्षता करते हुए समिति के अध्यक्ष मेघा उरांव ने कहा कि रथ यात्रा केवल धार्मिक आस्था का पर्व नहीं, बल्कि सामाजिक समरसता, अनुशासन और निस्वार्थ सेवा का भी प्रतीक है। उन्होंने स्वयंसेवकों से जिला प्रशासन तथा विभिन्न सामाजिक एवं धार्मिक संगठनों के साथ समन्वय बनाकर श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधा उपलब्ध कराने का आह्वान किया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि सेवा कार्य में अनुशासन, जिम्मेदारी और संवेदनशीलता सर्वोच्च प्राथमिकता होगी तथा किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
समिति ने निर्णय लिया है कि 15 जुलाई को नेत्रदान दिवस की सुबह मंदिर परिसर में व्यापक स्वच्छता अभियान चलाया जाएगा। वहीं 16 जुलाई को प्रातः 4 बजे से रात 9 बजे तक स्वयंसेवक विभिन्न सेवा केंद्रों पर तैनात रहकर श्रद्धालुओं का मार्गदर्शन, भीड़ प्रबंधन, स्वच्छता व्यवस्था तथा आवश्यक सहायता उपलब्ध कराएंगे।
सेवा कार्य को अधिक प्रभावी और व्यवस्थित बनाने के लिए समिति ने संचालन समिति, टीम लीडर एवं निगरानी समिति का गठन किया है। इन समितियों की जिम्मेदारी पूरे मेले के दौरान प्रत्येक गतिविधि पर सतत निगरानी रखना तथा सेवा व्यवस्था को निर्बाध बनाए रखना होगी।
बैठक में रिंकू महली, विनोद उरांव, रामा उरांव, रंजन कुमार, सूरज कुमार, बबलू उरांव, रोशन कुमार, संदीप कुमार, डॉ. बुटन महली, डोली कुमारी, पूजा, रितिका मिंज, नितेश, रवि, संतोष, कुमुदिनी लकड़ा, मुन्नी देवी, मीना उरांव, पूजा देवी, रोपनी मिंज, रूपेश बाखला, राजू उरांव, अजीत उरांव, पंकज भगत, संजय कुमार सहित बड़ी संख्या में समिति के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित थे।
समिति ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि रथ यात्रा महोत्सव के दौरान प्रशासन एवं स्वयंसेवकों का सहयोग करें, स्वच्छता बनाए रखें तथा अनुशासन का पालन करते हुए इस ऐतिहासिक आयोजन को सफल बनाने में अपनी सहभागिता सुनिश्चित करें।



