- भागलपुर में गंगा का जलस्तर लगातार बढ़ने से बाढ़ का पानी शहरी इलाकों और निचले मोहल्लों तक पहुंच गया है। टीएमबीयू परिसर के कई हिस्से भी जलमग्न हो गए हैं।
Bhagalpur : भागलपुर में गंगा का जलस्तर लगातार बढ़ने से बाढ़ का खतरा गंभीर होता जा रहा है। बाढ़ का पानी अब ग्रामीण क्षेत्रों से आगे बढ़कर शहर के निचले और रिहायशी इलाकों में प्रवेश करने लगा है। तिलकामांझी भागलपुर विश्वविद्यालय (टीएमबीयू) परिसर के कई हिस्सों में भी पानी पहुंच गया है, जबकि नाथनगर प्रखंड के कई गांव बाढ़ की चपेट में हैं।
गंगा के बढ़ते जलस्तर से निचले इलाकों में रहने वाले हजारों लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। जिला प्रशासन प्रभावित और संवेदनशील क्षेत्रों की लगातार निगरानी कर रहा है और लोगों को सतर्क रहने तथा जरूरत पड़ने पर सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी गई है।
नाथनगर के कई गांव बाढ़ की चपेट में
बाढ़ का सबसे अधिक असर नाथनगर प्रखंड में देखने को मिल रहा है। यहां कई गांव पूरी तरह बाढ़ के पानी से घिर गए हैं। सड़कों पर कई फीट पानी बहने के कारण ग्रामीणों का मुख्य मार्गों से संपर्क प्रभावित हुआ है।
लोगों को आवागमन के साथ-साथ रोजमर्रा के जरूरी सामान जुटाने में भी परेशानी हो रही है। बाढ़ के बढ़ते खतरे का असर अब सामान्य जनजीवन के साथ शिक्षा व्यवस्था पर भी पड़ने लगा है।
टीएमबीयू परिसर में घुसा बाढ़ का पानी
तिलकामांझी भागलपुर विश्वविद्यालय परिसर के कई हिस्सों में बाढ़ का पानी प्रवेश कर गया है। प्रशासनिक भवनों और विभिन्न विभागों के आसपास पानी फैलने से छात्र-छात्राओं और विश्वविद्यालय कर्मियों के बीच चिंता का माहौल है।
जलस्तर में बढ़ोतरी जारी रही तो विश्वविद्यालय का कामकाज प्रभावित हो सकता है। विश्वविद्यालय परिसर में पानी पहुंचने से बाढ़ की स्थिति को लेकर लोगों की चिंता और बढ़ गई है।
अगले 24 से 48 घंटे को लेकर बढ़ी चिंता
गंगा के जलस्तर में बढ़ोतरी का सिलसिला फिलहाल थमता नजर नहीं आ रहा है। आशंका जताई जा रही है कि अगले 24 से 48 घंटों के दौरान पानी बढ़ना जारी रहा तो शहर के अन्य निचले और रिहायशी इलाकों में भी बाढ़ का असर बढ़ सकता है।
जिला प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है। प्रभावित क्षेत्रों में निगरानी जारी है और लोगों से सतर्क रहने तथा सुरक्षित स्थानों पर शरण लेने की अपील की जा रही है।
फिलहाल, भागलपुर में गंगा के बढ़ते जलस्तर ने ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में चिंता बढ़ा दी है। आने वाले दिन जिले के लिए चुनौतीपूर्ण हो सकते हैं।



