चमोली टनल हादसा: 7 मजदूरों की मौत, झारखंड के श्रमिक भी प्रभावित

WhatsApp Group जुड़ने के लिए क्लिक करें 👉 Join Now New Delhi : उत्तराखंड के चमोली जिले के पीपलकोटी में विष्णुगाड-पीपलकोटी जलविद्युत परियोजना की निर्माणाधीन टनल में गुरुवार शाम पानी और मलबा घुसने से बड़ा हादसा हो गया। हादसे में अब तक 7 मजदूरों की

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New Delhi : उत्तराखंड के चमोली जिले के पीपलकोटी में विष्णुगाड-पीपलकोटी जलविद्युत परियोजना की निर्माणाधीन टनल में गुरुवार शाम पानी और मलबा घुसने से बड़ा हादसा हो गया। हादसे में अब तक 7 मजदूरों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि 14 मजदूर घायल हुए हैं। एक मजदूर के अब भी लापता होने की सूचना है और राहत-बचाव अभियान जारी है।

हादसे में झारखंड के भी कई मजदूर प्रभावित हुए हैं। शुरुआती जानकारी के अनुसार खूंटी, गुमला समेत राज्य के विभिन्न जिलों के श्रमिक टनल में काम कर रहे थे। पांच झारखंडी मजदूरों के घायल होने की जानकारी सामने आई है।

कैसे हुआ चमोली टनल हादसा?

हादसा गुरुवार शाम करीब 6:10 बजे हुआ। बताया गया कि मजदूर टनल के भीतर सरिया वेल्डिंग का काम कर रहे थे। इसी दौरान कार्यस्थल से करीब 150 मीटर दूर भूस्खलन हुआ और पानी, पत्थर व मलबा टनल के अंदर घुस गया।

घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन, पुलिस, एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की टीमें मौके पर पहुंचीं। सेना, आईटीबीपी और गढ़वाल स्काउट के जवानों को भी बचाव अभियान में लगाया गया है।

अधिकारियों की प्राथमिकता टनल में फंसे सभी श्रमिकों को सुरक्षित बाहर निकालना है।

हेमंत सोरेन ने पुष्कर सिंह धामी से की बात

हादसे की जानकारी मिलने के बाद झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से फोन पर बात की। धामी ने उन्हें आश्वस्त किया कि टनल में फंसे सभी श्रमिकों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए हर संभव प्रयास किया जा रहा है।

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री ने बताया कि बचाव अभियान में एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, जिला प्रशासन, पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की टीमें लगी हैं। घायल मजदूरों का इलाज कराया जा रहा है। गंभीर स्थिति होने पर उन्हें उच्च चिकित्सा केंद्रों में भेजने की तैयारी भी रखी गई है।

झारखंड सरकार ने जारी की हेल्पलाइन

झारखंड सरकार ने प्रभावित श्रमिकों के परिजनों से राज्य के कंट्रोल रूम से संपर्क करने और उपलब्ध जानकारी साझा करने की अपील की है। मुख्यमंत्री ने कहा है कि राज्य सरकार हर श्रमिक की सुरक्षित वापसी के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।

टोल फ्री हेल्पलाइन: 1800-3456-526
व्हाट्सऐप हेल्पलाइन: 9470132591, 9431336472, 9431336427

घायल झारखंडी मजदूरों के नाम

  • खेला राम, उम्र 22 वर्ष, विसरा, झारखंड
  • दीना बेगरा, उम्र 26 वर्ष, तोरणा क्षेत्र, झारखंड
  • निस्तर बेगरा, उम्र 24 वर्ष, बेराकिस टोली, झारखंड
  • विनोद रायना, उम्र 46 वर्ष, बाग, गुमला
  • हबील गुड़िया, उम्र 27 वर्ष, तपकरा, झारखंड

मृतकों की सूची

  • प्रदीप पंवार, उम्र 35 वर्ष, टिहरी गढ़वाल
  • मुकेश
  • दुर्लभ शर्मा
  • विजय
  • जितेंद्र

दो अन्य मृतकों की पहचान की जानकारी की पुष्टि की जा रही है।

परियोजना में पहले भी हो चुका है हादसा

विष्णुगाड-पीपलकोटी परियोजना में पिछले कुछ महीनों में यह दूसरी बड़ी दुर्घटना है। दिसंबर 2025 के अंत में इसी परियोजना की सुरंग में दो लोको ट्रेनों की टक्कर हुई थी। उस घटना में बड़ी संख्या में अधिकारी, कर्मचारी और मजदूर घायल हुए थे।

घटना के बाद कुछ समय के लिए निर्माण कार्य रोक दिया गया था।

हेमंत सोरेन ने जताई चिंता

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि निर्माणाधीन सुरंगों में बार-बार हादसे और श्रमिकों के फंसने की घटनाएं चिंताजनक हैं। उन्होंने कहा कि विकास जरूरी है, लेकिन प्रकृति के सम्मान और पर्यावरणीय संतुलन के साथ होना चाहिए।

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