New Delhi : भारत में एक बार फिर कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर के दामों में तेज बढ़ोतरी देखी गई है, जिससे छोटे और बड़े कारोबारियों पर अतिरिक्त बोझ पड़ने वाला है। ऑयल मार्केटिंग कंपनियों ने 19 किलो वाले कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में ₹194 से ₹220 तक की बढ़ोतरी की है, जो महीने की पहली तारीख से लागू हो गई है।
रांची में इस बढ़ोतरी का सीधा असर देखा गया है, जहां अब 19 किलो का कमर्शियल सिलेंडर ₹2258 में मिल रहा है। इससे पहले इसकी कीमत कम थी, लेकिन ₹220 की बढ़ोतरी ने कारोबारियों की चिंता बढ़ा दी है। देश के अन्य बड़े शहरों में भी इसी तरह कीमतों में उछाल दर्ज किया गया है।
दिल्ली में कमर्शियल सिलेंडर की कीमत ₹194 बढ़कर ₹2078.50 हो गई है, जो पहले ₹1884.50 थी। मुंबई में ₹196 की बढ़ोतरी के बाद कीमत ₹2031 पहुंच गई है। चेन्नई में ₹203 की बढ़ोतरी के साथ अब यह ₹2246.50 में मिल रहा है, जबकि कोलकाता में ₹218 बढ़कर कीमत ₹2208 हो गई है।
अन्य शहरों की बात करें तो लखनऊ में इसकी कीमत ₹2201, पटना में ₹2365, जयपुर में ₹2031, बेंगलुरु में ₹2161 और हैदराबाद में ₹2321 हो गई है। गौर करने वाली बात यह है कि इससे पहले 7 मार्च को भी कमर्शियल सिलेंडर के दाम ₹115 बढ़ाए गए थे।
हालांकि, घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में इस बार कोई बदलाव नहीं किया गया है, जिससे आम उपभोक्ताओं को थोड़ी राहत मिली है। इससे पहले घरेलू सिलेंडर के दाम ₹60 तक बढ़ाए गए थे, जिसके बाद दिल्ली में ₹913, कोलकाता में ₹939, मुंबई में ₹912.50, चेन्नई में ₹928.50 और झारखंड में ₹970 हो गए थे।
कमर्शियल सिलेंडर के दाम बढ़ने का सबसे ज्यादा असर होटल, रेस्टोरेंट, ढाबों और छोटे फूड बिजनेस पर पड़ेगा। इन व्यवसायों की लागत बढ़ने से खाने-पीने की चीजें महंगी हो सकती हैं। छोटे व्यापारियों के लिए यह स्थिति और भी चुनौतीपूर्ण हो सकती है, क्योंकि उनके मुनाफे पर सीधा असर पड़ेगा।
विशेषज्ञों के अनुसार, मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के कारण कच्चे तेल और गैस की सप्लाई प्रभावित हुई है। होर्मुज जलडमरूमध्य में बाधा आने से वैश्विक बाजार में तेल की कीमतों में तेजी आई है। भारत जैसे आयात-निर्भर देश पर इसका सीधा असर पड़ता है, जिसके चलते तेल कंपनियों ने कीमतें बढ़ाने का फैसला लिया है।
अगर यह स्थिति आगे भी बनी रहती है, तो आने वाले समय में महंगाई और बढ़ सकती है और आम लोगों की जेब पर असर पड़ सकता है।

