New Delhi : दिल्ली पुलिस की Crime Branch Delhi Police ने बड़ी कार्रवाई करते हुए Al-Falah University के चेयरमैन Javed Ahmed Siddiqui को जालसाजी और वित्तीय अनियमितताओं के गंभीर आरोपों में गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी University Grants Commission (UGC) की ओर से दर्ज कराई गई दो अलग-अलग एफआईआर के आधार पर की गई है।
वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, यूनिवर्सिटी के संचालन में बड़े पैमाने पर नियमों के उल्लंघन, फर्जी दस्तावेज और वित्तीय गड़बड़ियों की शिकायतें सामने आई थीं। इन्हीं शिकायतों के आधार पर क्राइम ब्रांच ने जांच तेज की और पर्याप्त सबूत मिलने के बाद चेयरमैन की गिरफ्तारी की गई।
धमाका कांड से जुड़ती गईं कड़ियां
पुलिस के अनुसार, इस मामले की जांच का सिरा लाल किले के पास हुए धमाके की जांच के दौरान सामने आए तथ्यों से जुड़ता गया। सुरक्षा एजेंसियों द्वारा कड़ियां जोड़ने पर यूनिवर्सिटी के प्रबंधन से जुड़े कई संदिग्ध दस्तावेज और अनियमितताएं उजागर हुईं, जिसके बाद केस दर्ज कर गहन तफ्तीश शुरू की गई।
ईडी भी कर रही जांच
इस प्रकरण में Enforcement Directorate (ED) भी पहले से सक्रिय है और मनी लॉन्ड्रिंग व वित्तीय हेरफेर के एंगल से जांच कर रही थी। ईडी की जांच में मिले इनपुट के आधार पर ही दिल्ली पुलिस ने सिद्दीकी को हिरासत में लेकर पूछताछ की और बाद में औपचारिक गिरफ्तारी की।
गिरफ्तारी के बाद सिद्दीकी को स्थानीय अदालत में पेश किया गया, जहां से पुलिस को चार दिन की रिमांड मिली है। इस दौरान यूनिवर्सिटी फंड, कथित फर्जी दस्तावेजों और अन्य संदिग्ध गतिविधियों को लेकर उनसे विस्तार से पूछताछ की जाएगी।
पहले भी विवादों में रही यूनिवर्सिटी
बताया जा रहा है कि यह यूनिवर्सिटी पहले भी तब चर्चा में आई थी, जब फरीदाबाद में एक कश्मीरी डॉक्टर की गिरफ्तारी के दौरान जांच एजेंसियों को यूनिवर्सिटी से जुड़े कुछ अहम सुराग मिले थे। इसी कड़ी ने सुरक्षा एजेंसियों का ध्यान प्रबंधन पर केंद्रित किया।
पुलिस का कहना है कि रिमांड के दौरान और भी चौंकाने वाले खुलासे हो सकते हैं। मामले की जांच जारी है।



