मुकेश रंजन
Ranchi : कांके प्रखंड कार्यालय से महज तीन किलोमीटर की दूरी पर स्थित बोडया पंचायत क्षेत्र में सड़कों की बदहाली ग्रामीणों के लिए परेशानी का सबब बन गई है। बारिश होते ही सड़क पर जगह-जगह जलजमाव, कीचड़ और बड़े-बड़े गड्ढे उभर आते हैं। हालात ऐसे हैं कि यह मार्ग अब सफर का रास्ता कम और हादसों का खतरा अधिक बनता जा रहा है।

सड़क पर जमा पानी के कारण गड्ढों की गहराई का अंदाजा लगाना मुश्किल हो जाता है। दोपहिया वाहन चालक संभलकर चलने के बावजूद कई बार फिसलने की स्थिति में पहुंच जाते हैं। पैदल राहगीरों, विद्यार्थियों, महिलाओं और दैनिक आवागमन करने वाले लोगों को भी काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। बड़े वाहनों के गुजरने पर कीचड़ और गंदा पानी सड़क किनारे तक फैल जाता है।
शासन-प्रशासन और वीआईपी का रोजाना होता है आवागमन, फिर भी नहीं बदली तस्वीर
ग्रामीणों के अनुसार, बोडया का यह मार्ग केवल स्थानीय लोगों के आवागमन का साधन नहीं है, बल्कि शासन-प्रशासन से जुड़े अधिकारियों तथा वीआईपी लोगों का भी इस रास्ते से नियमित आवागमन होता है। इसके बावजूद सड़क की जर्जर स्थिति लंबे समय से बनी हुई है। ग्रामीणों का सवाल है कि जब जिम्मेदार अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों की नजर इस मार्ग से गुजरते समय इसकी बदहाली पर पड़ती है, तो फिर इसकी मरम्मत के लिए ठोस पहल क्यों नहीं होती?
बारिश में सड़क बनी चुनौती, हर कदम पर दुर्घटना का डर
स्थानीय लोगों का कहना है कि बारिश के मौसम में इस मार्ग पर चलना किसी चुनौती से कम नहीं है। सड़क पर फैले कीचड़ और पानी के बीच वाहन चालकों को बेहद सावधानी बरतनी पड़ती है। रात के समय स्थिति और भी गंभीर हो जाती है, क्योंकि जलजमाव और गड्ढे स्पष्ट दिखाई नहीं देते। ऐसे में किसी भी समय दुर्घटना की आशंका बनी रहती है।
मुखिया सोमा उरांव बोले—समस्या से संबंधित विभाग को कराया जाएगा अवगत
बोडया पंचायत के मुखिया सोमा उरांव ने कहा कि सड़क की स्थिति वास्तव में चिंताजनक है। बारिश के दिनों में जलजमाव और कीचड़ के कारण ग्रामीणों को आवागमन में भारी परेशानी हो रही है। पंचायत स्तर से समस्या के समाधान के लिए संबंधित विभाग के अधिकारियों को अवगत कराया जाएगा। उन्होंने कहा कि सड़क की मरम्मत के साथ-साथ जलनिकासी की समुचित व्यवस्था भी आवश्यक है, ताकि ग्रामीणों को राहत मिल सके और दुर्घटनाओं की आशंका को कम किया जा सके।
ग्रामीणों ने उठाई स्थायी समाधान की मांग
ग्रामीणों ने संबंधित विभाग और प्रशासन से सड़क की शीघ्र मरम्मत, गड्ढों की भराई और जलनिकासी की स्थायी व्यवस्था कराने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि केवल अस्थायी रूप से मिट्टी या गिट्टी डालने से समस्या का समाधान नहीं होगा। सड़क की गुणवत्ता के साथ जलनिकासी की उचित व्यवस्था सुनिश्चित करना जरूरी है। लोगों ने चेताया कि समय रहते सड़क की स्थिति नहीं सुधारी गई तो यह बदहाल मार्ग किसी बड़े हादसे की वजह बन सकता है।



