जमुई: बिहार के जमुई नगर परिषद क्षेत्र के नीमारंग मोहल्ले में शुक्रवार की अलसुबह खेत की सिंचाई करने पहुंचे एक किसान की करंट लगने से मौत हो गई। मृतक की पहचान 55 वर्षीय रंगीला साव के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि बिजली की मोटर चालू करने के दौरान कटे तार के संपर्क में आने से यह हादसा हुआ। जानकारी के अनुसार, रंगीला साव शुक्रवार सुबह अपने खेत में पटवन करने पहुंचे थे। खेत में बोरिंग से पानी निकालने के लिए बिजली की मोटर लगी हुई थी। मोटर चालू करते समय अचानक वह करंट की चपेट में आ गए और बेहोश होकर जमीन पर गिर पड़े। हादसे के बाद आसपास मौजूद ग्रामीणों की नजर उन पर पड़ी। ग्रामीणों और परिजनों ने उन्हें बिजली के तार से अलग किया और आनन-फानन में जमुई सदर अस्पताल पहुंचाया। वहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।
कटे तार के कारण हुआ हादसा
परिजनों के मुताबिक, मोटर से जुड़ा बिजली का तार कटा हुआ था। इसी वजह से तार में करंट उतर गया था। मोटर चालू करने के दौरान रंगीला साव तार के संपर्क में आ गए और उन्हें संभलने का मौका नहीं मिला। किसान की मौत की खबर फैलते ही नीमारंग और आसपास के इलाकों से बड़ी संख्या में लोग सदर अस्पताल पहुंच गए। अस्पताल परिसर में परिजनों के बीच चीख-पुकार मच गई। वहीं, मृतक के घर में भी मातम पसरा हुआ है।
पोस्टमार्टम कराने से परिजनों ने किया इनकार
रंगीला साव की मौत के बाद अस्पताल में शव के पोस्टमार्टम की प्रक्रिया शुरू की गई थी, लेकिन परिजनों ने पोस्टमार्टम कराने से इनकार कर दिया। परिजनों ने अस्पताल प्रशासन को लिखित आवेदन दिया और शव को अपने साथ घर ले गए। इसके बाद अंतिम संस्कार की तैयारी की गई। घटना के बाद स्थानीय लोगों ने खेतों में इस्तेमाल होने वाले बिजली के तार और मोटर की सुरक्षा व्यवस्था पर चिंता जताई है। ग्रामीणों का कहना है कि कटे या खराब तारों की समय पर मरम्मत नहीं होने से खेतों में काम करने वाले किसानों के लिए करंट का खतरा बना रहता है।



