New Delhi : लोकसभा में गुरुवार को प्रश्नकाल के दौरान एक दिलचस्प वाकया देखने को मिला, जब कांग्रेस महासचिव और वायनाड से सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा ने केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से भरी सभा में ही मिलने का समय मांग लिया। प्रियंका गांधी ने कहा कि वह पिछले जून महीने से अपने संसदीय क्षेत्र से जुड़े मुद्दों को लेकर मंत्री से मुलाकात के लिए समय मांग रही हैं, लेकिन अब तक उन्हें अपॉइंटमेंट नहीं मिल पाया है।
प्रियंका गांधी चंडीगढ़-शिमला राष्ट्रीय राजमार्ग से जुड़े सवाल पर पूरक प्रश्न पूछ रही थीं। इसी दौरान उन्होंने कहा, “मैं जून से आपसे मिलने का समय मांग रही हूं, कृपया मुझे अपॉइंटमेंट दीजिए।” इस पर सदन में हल्का-फुल्का माहौल बन गया।
प्रियंका गांधी की इस अपील पर केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने मुस्कुराते हुए जवाब दिया और कहा, “आप प्रश्नकाल के बाद ही आ जाइए। आप कभी भी आ सकती हैं, मेरे दरवाजे हमेशा खुले रहते हैं। इसके लिए किसी अपॉइंटमेंट की जरूरत नहीं है।” गडकरी के इस जवाब पर सदन में मौजूद सांसदों के बीच हल्की हंसी भी सुनाई दी।
इस दौरान नितिन गडकरी ने देश में सड़क और राजमार्ग निर्माण को लेकर सरकार के लक्ष्य की भी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार का उद्देश्य राष्ट्रीय राजमार्गों के निर्माण की गति को बढ़ाकर 60 किलोमीटर प्रतिदिन तक ले जाना है। गडकरी ने कहा कि भारतमाला परियोजना के तहत फिलहाल नई परियोजनाएं शुरू न होने के कारण निर्माण की रफ्तार में थोड़ी कमी आई है।
इसके अलावा गडकरी ने कहा कि सरकार का लक्ष्य अगले 8 से 10 वर्षों में भारत के ऑटोमोबाइल उद्योग को दुनिया के शीर्ष स्थान पर पहुंचाना है। उन्होंने यह भी जोर दिया कि देश की आर्थिक वृद्धि को तेज करने के लिए कृषि क्षेत्र पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है।
प्रियंका गांधी और नितिन गडकरी के बीच हुआ यह संवाद लोकसभा में चर्चा का विषय बन गया है और इसे विपक्ष व सरकार के बीच संवाद का सकारात्मक संकेत माना जा रहा है।






