जू में अब जानवरों को किया जा सकता है गोद

East Singhbhum : जुबली पार्क स्थित टाटा जू ने एक अनूठी और प्रेरणादायक पहल की शुरुआत की है, जिसके तहत आम नागरिक अब जू में रहने वाले जानवरों को एक वर्ष या पांच वर्षों के लिए “एडॉप्ट” यानी गोद ले सकते हैं। इस योजना का

जू में अब जानवरों को किया जा सकता है गोद
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East Singhbhum : जुबली पार्क स्थित टाटा जू ने एक अनूठी और प्रेरणादायक पहल की शुरुआत की है, जिसके तहत आम नागरिक अब जू में रहने वाले जानवरों को एक वर्ष या पांच वर्षों के लिए “एडॉप्ट” यानी गोद ले सकते हैं। इस योजना का उद्देश्य पशु प्रेमियों को उन जानवरों की देखभाल का अवसर देना है, जिन्हें वे घरों में नहीं पाल सकते।

जू में अब जानवरों को किया जा सकता है गोद
जू में अब जानवरों को किया जा सकता है गोद

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टाटा जू के निदेशक सब्बा हुसैन ने जानकारी दी कि इस योजना के तहत गोद लेने वाले व्यक्ति को उस जानवर के भोजन, दवा और अन्य जरूरतों का खर्च उठाना होगा। हालांकि जानवर की दैनिक देखभाल और संरक्षण का कार्य जू प्रबंधन द्वारा ही किया जाएगा।

अब तक कई पशु प्रेमियों ने इस पहल के तहत बंदर, हिरण और भालू जैसे जानवरों को गोद लिया है। इस योजना में शामिल होने वाले व्यक्ति को एक साल के लिए टाटा जू में फ्री एंट्री पास मिलेगा, जिससे वे अपने परिवार सहित जब चाहें, आकर अपने गोद लिए गए जानवर से मिल सकते हैं।

यह योजना न केवल जानवरों की बेहतर देखभाल को सुनिश्चित करेगी, बल्कि आम लोगों में पशु प्रेम और संरक्षण की भावना को भी मजबूत बनाएगी। जानवरों की जरूरतों की पूर्ति के लिए जू प्रबंधन और आम लोग मिलकर काम करेंगे, जिससे उनकी जीवन गुणवत्ता में सुधार आएगा।

टाटा जू का यह प्रयास समाज में सकारात्मक संदेश देने वाला है। यह दिखाता है कि किस तरह से संस्थाएं आम लोगों को प्रकृति और जीवों के करीब लाकर पर्यावरण संरक्षण में भागीदारी का अवसर दे सकती हैं। इच्छुक व्यक्ति टाटा जू कार्यालय से संपर्क कर इस एडॉप्शन योजना की प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं।

यह अनूठी पहल आने वाले समय में देशभर के अन्य चिड़ियाघरों के लिए भी एक प्रेरणास्रोत बन सकती है।

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