New Delhi : सोशल मीडिया पर एक बार फिर 500 रुपये के नोट को लेकर नोटबंदी जैसी अफवाहों ने लोगों को भ्रमित कर दिया है। फेसबुक और एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर वायरल कई पोस्ट्स में दावा किया जा रहा है कि भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) जल्द ही 500 रुपये के नोटों को चलन से बाहर करने वाला है। कुछ संदेशों में यहां तक कहा गया कि मार्च 2026 के बाद ATM से 500 रुपये के नोट निकलने बंद हो जाएंगे और बाद में इन्हें अमान्य घोषित कर दिया जाएगा।
इन भ्रामक दावों के चलते आम लोगों में डर और असमंजस की स्थिति बन गई। कई लोग अपनी नकदी को लेकर चिंतित नजर आए, जिसके बाद सरकार को सामने आकर स्थिति स्पष्ट करनी पड़ी।
🔹 PIB का फैक्ट चेक: दावा पूरी तरह फर्जी
सरकार की आधिकारिक एजेंसी Press Information Bureau (PIB) ने वायरल हो रहे दावों का फैक्ट चेक कर इन्हें पूरी तरह फर्जी बताया है। PIB ने साफ कहा है कि
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न तो भारत सरकार
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और न ही Reserve Bank of India (RBI)
ने 500 रुपये के नोट को बंद करने को लेकर कोई निर्णय लिया है।
PIB के मुताबिक, 500 रुपये के नोट पूरी तरह वैध हैं और भविष्य में इन्हें बंद करने की कोई योजना नहीं है।
🔹 नोट रीसाइक्लिंग को तोड़-मरोड़कर फैलाया गया भ्रम
PIB ने स्पष्ट किया कि बैंकिंग प्रणाली में समय-समय पर पुराने, फटे या खराब नोटों को हटाकर नए नोट जारी किए जाते हैं, जिसे नोट रीसाइक्लिंग कहा जाता है।
इस सामान्य प्रक्रिया का मतलब यह कदापि नहीं है कि किसी विशेष मूल्यवर्ग के नोट को चलन से बाहर किया जा रहा है।
सोशल मीडिया पर इसी प्रक्रिया को गलत तरीके से पेश कर अफवाहों को हवा दी गई, जिससे लोगों में अनावश्यक घबराहट फैल गई।
🔹 अफवाहों से सावधान रहने की अपील
PIB ने लोगों से अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर वायरल किसी भी खबर पर आंख मूंदकर भरोसा न करें और केवल सरकारी या आधिकारिक स्रोतों से मिली जानकारी पर ही विश्वास करें।






