Bihar News : मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सोमवार को 1 करोड़ 1 लाख 33 हजार सामाजिक सुरक्षा पेंशनधारियों के बैंक खातों में ₹1,157 करोड़ 72 लाख की राशि DBT के माध्यम से हस्तांतरित की। प्रत्येक लाभुक को ₹1,100 की दर से पेंशन राशि भेजी गई।
यह कार्यक्रम लोक सेवक आवास स्थित संकल्प सभागार में आयोजित किया गया। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सामाजिक सुरक्षा पेंशनधारी, सभी जिलों के जिलाधिकारी और गणमान्य लोग भी कार्यक्रम से जुड़े।
₹400 से बढ़कर ₹1,100 हुई पेंशन
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने पेंशन दिवस के अवसर पर सभी सामाजिक सुरक्षा पेंशनधारियों को बधाई और शुभकामनाएं दीं।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में सामाजिक सुरक्षा पेंशन की राशि ₹400 से बढ़ाकर ₹1,100 की गई है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने यह सुनिश्चित किया है कि सभी सामाजिक सुरक्षा पेंशनधारियों के खातों में हर महीने की 10 तारीख को पेंशन की राशि हस्तांतरित कर दी जाए। उन्होंने इसे पारदर्शी, जवाबदेह और तकनीक आधारित जनकल्याणकारी व्यवस्था का प्रमाण बताया।
कोई पात्र लाभुक पेंशन से न छूटे
सम्राट चौधरी ने जिलाधिकारियों को निर्देश दिया कि सामाजिक सुरक्षा पेंशन के किसी भी पात्र लाभार्थी का नाम छूटना नहीं चाहिए।
उन्होंने कहा कि पेंशन का वितरण समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से जारी रहना चाहिए, ताकि प्रत्येक पात्र नागरिक को सम्मान के साथ सामाजिक सुरक्षा का लाभ मिल सके।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पेंशन की राशि ₹400 से बढ़ाकर ₹1,100 किए जाने से लोगों के जीवन में बदलाव आया है।
1.70 करोड़ परिवारों को 125 यूनिट मुफ्त बिजली
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य के 1 करोड़ 70 लाख परिवारों को 125 यूनिट मुफ्त बिजली दी जा रही है। इसके लिए राज्य सरकार की ओर से ₹23,000 करोड़ की सब्सिडी खर्च की जा रही है।
उन्होंने कहा कि सरकार गरीब, वंचित और जरूरतमंद वर्गों की सामाजिक सुरक्षा के प्रति प्रतिबद्ध है।
कार्यक्रम में कई वरिष्ठ अधिकारी रहे मौजूद
कार्यक्रम में उप मुख्यमंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव, समाज कल्याण मंत्री डॉ. श्वेता गुप्ता, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार, मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत, समाज कल्याण विभाग के अपर मुख्य सचिव एचआर श्रीनिवास, मुख्यमंत्री के सचिव संजय कुमार सिंह, सामाजिक सुरक्षा की निदेशक डॉ. प्रीति समेत अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी जिलों के जिलाधिकारी, गणमान्य व्यक्ति और लाभार्थी भी कार्यक्रम से जुड़े।










