New Delhi : गोवा के चर्चित नाइट क्लब अग्निकांड में अब कार्रवाई तेजी से आगे बढ़ रही है। घटना के बाद फरार हुए नाइट क्लब ‘बर्च बाय रोमियो लेन’ के मालिक सौरभ लूथरा और गौरव लूथरा को थाईलैंड के फुकेट में गिरफ्तार किया गया है। हालांकि दोनों आरोपी पकड़े जा चुके हैं, लेकिन उन्हें भारत वापस लाने की प्रक्रिया अभी भी जटिल बनी हुई है। देरी की सबसे बड़ी वजह वीजा और पासपोर्ट से जुड़ी औपचारिकताएँ हैं, जिन्हें पूरा होने में कुछ दिन लग सकते हैं।
सूत्रों के अनुसार सबसे पहले लूथरा ब्रदर्स के वीजा कैंसिल किए जाएंगे। वीजा रद्द होते ही थाईलैंड पुलिस उन्हें फुकेट से बैंकॉक शिफ्ट करेगी, जहां थाई इमिग्रेशन के डिटेंशन सेंटर में रखा जाएगा। गुरुवार को भारतीय जांच एजेंसियों ने थाई पुलिस के सहयोग से दोनों भाइयों को पकड़ा था। बताया जा रहा है कि वे आग लगने के बाद तुरंत थाईलैंड भाग गए थे।
शनिवार रात हुई आग में कुल 25 लोगों की मौत हुई थी, जिनमें अधिकांश क्लब के कर्मचारी थे। घटना के बाद से ही दोनों भाइयों के खिलाफ लुकआउट नोटिस जारी था। अब जबकि वे गिरफ्तार हो चुके हैं, अगला बड़ा सवाल यह है कि उनका प्रत्यर्पण कैसे और कब होगा?
सूत्रों की मानें तो लूथरा ब्रदर्स का पासपोर्ट रद्द होने के कारण उन्हें भारत वापसी के लिए “इमरजेंसी सर्टिफिकेट” जारी करना आवश्यक है। यह दस्तावेज सोमवार या मंगलवार तक तैयार होने की संभावना है। सप्ताहांत में सरकारी कार्यालय बंद होने के कारण प्रक्रिया में और देरी होती दिख रही है।
इमरजेंसी सर्टिफिकेट जारी होते ही उनके टिकट बुक किए जाएंगे और भारतीय अधिकारियों की निगरानी में दोनों को भारत प्रत्यर्पित किया जाएगा। अनुमान है कि मंगलवार तक दोनों आरोपी भारत पहुंच सकते हैं। भारत लौटते ही उन्हें संबंधित जांच एजेंसी की हिरासत में लिया जाएगा और आगे की पूछताछ की जाएगी।
इस प्रत्यर्पण प्रक्रिया ने गोवा अग्निकांड मामले में एक नई कानूनी जटिलता भी जोड़ दी है, जिस पर देशभर की निगाहें टिकी हुई हैं।



