Patna : आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू) ने शुक्रवार सुबह सहरसा के जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (डीपीओ) अजीत अमर के चार ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की। यह कार्रवाई आय से अधिक संपत्ति के मामले में केस दर्ज होने के बाद की गई।
विशेष न्यायालय से तलाशी वारंट मिलने के बाद ईओयू की टीम ने एक साथ कई स्थानों पर जांच शुरू की।
इन चार ठिकानों पर हुई कार्रवाई
ईओयू ने जिन स्थानों पर छापेमारी की, उनमें शामिल हैं—
- सिवान जिले के दरौंधा थाना क्षेत्र के रैनी गांव स्थित पैतृक आवास
- सहरसा के नया बाजार स्थित किराये का मकान
- सहरसा स्थित सरकारी कार्यालय
- छपरा की गंडक कॉलोनी स्थित सरकारी आवास
दस्तावेजों और इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की जांच
छापेमारी के दौरान अधिकारी चल-अचल संपत्ति, बैंक खातों, निवेश, वित्तीय लेन-देन से जुड़े दस्तावेजों के साथ-साथ इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की भी जांच कर रहे हैं।
हालांकि, अब तक ईओयू ने यह जानकारी सार्वजनिक नहीं की है कि तलाशी के दौरान क्या-क्या बरामद हुआ है।
कार्रवाई जारी, बाद में जारी होगी पूरी जानकारी
ईओयू के अनुसार, तलाशी अभियान अभी जारी है। कार्रवाई पूरी होने के बाद नकदी, आभूषण, जमीन से जुड़े दस्तावेज और अन्य बरामद सामग्री का विवरण सार्वजनिक किया जाएगा।
एजेंसी ने यह भी संकेत दिया है कि यदि जांच के दौरान नए साक्ष्य सामने आते हैं तो मामले का दायरा और बढ़ाया जा सकता है।
शुरुआती जांच में 62.20 लाख रुपये की अतिरिक्त संपत्ति का दावा
अजीत अमर वर्तमान में सहरसा में जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (डीपीओ) के पद पर कार्यरत हैं।
ईओयू की प्रारंभिक जांच के अनुसार, उनके पास 62.20 लाख रुपये की आय से अधिक संपत्ति होने का दावा किया गया है, जो उनकी ज्ञात वैध आय से लगभग 72.35 प्रतिशत अधिक बताई गई है।
इन्हीं तथ्यों के आधार पर 6 अगस्त को उनके खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 (संशोधित 2018) की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया। मामले की जांच जारी है।










