- पूर्व अध्यक्ष से फिर पूछताछ
Ranchi: झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) की 14वीं सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा में कथित अनियमितताओं की जांच कर रही राज्य सीआईडी ने बड़ी कार्रवाई की। एजेंसी की विभिन्न टीमों ने रांची, धनबाद, बोकारो, देवघर, गोड्डा, रामगढ़, हजारीबाग और पलामू सहित कई जिलों में 20 से अधिक ठिकानों पर एक साथ दबिश दी। इसमें रांची के धुर्वा और नामकुम क्षेत्रों में संचालित कुछ कोचिंग संस्थान और उनसे जुड़े परिसर शामिल हैं। यह छापेमारी उन व्यक्तियों और संस्थानों को लक्षित कर की गई, जिनके नाम अब तक की जांच में सामने आए हैं या जिनके परीक्षा प्रक्रिया से जुड़े होने की आशंका है।
छापेमारी के दौरान जांच टीमों ने कई स्थानों से महत्वपूर्ण दस्तावेज, कंप्यूटर, लैपटॉप, मोबाइल फोन, डिजिटल स्टोरेज डिवाइस और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण जब्त किए। इन जब्तशुदा साक्ष्यों का फोरेंसिक विश्लेषण होगा। इसके पहले, सीआईडी ने जेपीएससी कार्यालय और परीक्षा आयोजित करने वाली एजेंसी टीडीपीएल के दफ्तर में भी छापेमारी कर कई दस्तावेज और इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड जब्त किए थे। जांच के दौरान अब तक आयोग और परीक्षा प्रक्रिया से जुड़े कुल 11 लोगों को गिरफ्तार हो चुका है। इन गिरफ्तारियों और पूछताछ के आधार पर ही जांच का दायरा लगातार बढ़ाया जा रहा है।
इसी कड़ी में, जेपीएससी के पूर्व अध्यक्ष और राज्य के पूर्व मुख्य सचिव एल. ख्यांगते से भी कई चरणों में पूछताछ की जा चुकी है, और उन्हें सोमवार को भी पुनः पूछताछ के लिए बुलाया गया है। जांच एजेंसी परीक्षा संचालन, प्रश्नपत्र प्रबंधन, मूल्यांकन प्रक्रिया और अन्य संबंधित पहलुओं से जुड़े तथ्यों की कड़ियां जोड़ने में जुटी है। बरामद दस्तावेजों और डिजिटल डेटा के गहन विश्लेषण के आधार पर आने वाले दिनों में इस मामले में नए खुलासे होने और कई अन्य लोगों के खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई होने की प्रबल संभावना है। उल्लेखनीय है कि 14वीं जेपीएससी प्रारंभिक परीक्षा के परिणाम घोषित होने के बाद से ही अभ्यर्थियों द्वारा परीक्षा में धांधली का आरोप लगाते हुए लगातार विरोध प्रदर्शन किए जा रहे हैं। रांची में छात्रों का आंदोलन अभी भी जारी है, जिसमें परीक्षा रद्द करने और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग प्रमुख है।


