New Delhi : फसलों में पत्तियों या पौधों के भीतर छिपे कीड़ों की पहचान किसानों के लिए अब आसान होने वाली है। असम की एक कंपनी ने एआई आधारित कृषि रोबोट विकसित किया है, जो बारीक से बारीक कीड़े भी ढूंढ लेता है। इस रोबोट को ‘विकसित भारत’ पहल के तहत Bharat Mandapam में प्रदर्शित किया गया, जहां इसे देखने के लिए लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी।
कैसे करता है काम
कंपनी प्रतिनिधि दिशा चक्रवर्ती के अनुसार, इस रोबोट का नाम टैरोबोट (Tarobot) है। इसे रिमोट कंट्रोल से संचालित किया जाता है। रोबोट में लगा कैमरा रिमोट की स्क्रीन पर लाइव तस्वीरें दिखाता है, जिससे किसान पूरी फसल, हर पत्ती और पौधे की बारीकी से जांच कर सकते हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, रोबोट खुद कीड़ों की पहचान कर स्क्रीन पर दिखा देता है, जिसके बाद किसान रिमोट के जरिए प्रभावित पत्ती या पौधे के हिस्से को आसानी से हटाने का फैसला ले सकते हैं।
हर मौसम में काम करने की क्षमता
टैरोबोट धूप, बारिश और तेज गर्मी—तीनों परिस्थितियों में समान रूप से काम करता है। इससे किसानों को घंटों की मेहनत और नुकसान से राहत मिलेगी।
ट्रेनिंग, कीमत और किराया
कीमत: ₹20,000
किराया: ₹200 में उपलब्ध
सब्सिडी: किसानों को दी जा रही है
ट्रेनिंग: किसानों को नियमित रूप से संचालन की ट्रेनिंग दी जा रही है
कंपनी का दावा है कि अब तक करीब 80% किसान इस तकनीक से जुड़ चुके हैं या इसमें रुचि दिखा चुके हैं।
खेती में तकनीक का नया कदम
कम लागत, आसान संचालन और सटीक कीट पहचान के साथ यह रोबोट फसल सुरक्षा, नुकसान में कमी और उत्पादकता बढ़ाने में किसानों के लिए गेम-चेंजर साबित हो सकता है।