- सीवान की सिमरन परवीन का भारतीय अंडर-18 सेवेन्स रग्बी फुटबॉल टीम में चयन हुआ है। वह चीन के किंगदाओ में 5 से 7 सितंबर तक एशियन चैंपियनशिप में खेलेंगी।
Siwan : सीवान जिले की बेटी सिमरन परवीन अब चीन में अपने खेल का हुनर दिखाएंगी। दरौली प्रखंड के करोम गांव निवासी अफरोजा अंसारी और इस्लाम अंसारी की दूसरी पुत्री सिमरन का चयन भारतीय अंडर-18 सेवेन्स रग्बी फुटबॉल टीम में हुआ है। वह 5 से 7 सितंबर 2026 तक चीन के किंगदाओ में आयोजित एशियन अंडर-18 सेवेन्स रग्बी फुटबॉल चैंपियनशिप में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगी।
सिमरन के भारतीय टीम में चयन से उनके गांव के साथ-साथ पूरे जिले के खेल प्रेमियों में खुशी का माहौल है। सिमरन रानी लक्ष्मीबाई स्पोर्ट्स एकेडमी की प्रतिभाशाली खिलाड़ी हैं और वर्तमान में पटना जिले के बाढ़ में विशेष रग्बी प्रशिक्षण ले रही हैं।
रानी लक्ष्मीबाई स्पोर्ट्स एकेडमी से शुरू हुआ सफर
रानी लक्ष्मीबाई स्पोर्ट्स एकेडमी के संस्थापक सह निदेशक और सिमरन के कोच संजय पाठक ने बताया कि सिमरन सातवीं कक्षा से इंटरमीडिएट तक एकेडमी की आवासीय प्रशिक्षु रही हैं। इस दौरान एकेडमी की ओर से उन्हें सभी सुविधाएं नि:शुल्क उपलब्ध कराई गईं।
वर्तमान में सिमरन गैर-आवासीय खिलाड़ी के रूप में प्रशिक्षण ले रही हैं। संजय पाठक के अनुसार, वर्ष 2013 से अब तक एकेडमी के दर्जनों खिलाड़ी बिहार रग्बी फुटबॉल टीम का हिस्सा बन चुके हैं और राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में पदक जीतने वाली टीमों के सदस्य रहे हैं।
सीवान की पहली खिलाड़ी का भारतीय टीम में चयन
इससे पहले पुतुल कुमारी और उषा कुमारी भी भारतीय रग्बी फुटबॉल टीम के प्रशिक्षण शिविर में शामिल हुई थीं, लेकिन अंतिम चयन में उन्हें सफलता नहीं मिली।
सिमरन परवीन सीवान जिले की पहली खिलाड़ी हैं, जिनका चयन भारतीय राष्ट्रीय रग्बी टीम में हुआ है। अब वह एशियन चैंपियनशिप में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगी।
सिमरन की इस उपलब्धि के पीछे कठिन अभ्यास और लगातार मेहनत के साथ बाढ़ खेल मैदान के रग्बी प्रशिक्षक, बिहार राज्य खेल प्राधिकरण और बिहार राज्य रग्बी फुटबॉल संघ के सचिव पंकज ज्योति का भी महत्वपूर्ण योगदान रहा है।
राष्ट्रीय चैंपियनशिप के प्रदर्शन से मिली जगह
संजय पाठक के अनुसार, हैदराबाद में आयोजित राष्ट्रीय चैंपियनशिप में सिमरन के शानदार प्रदर्शन के आधार पर उनका चयन भारतीय टीम के प्रशिक्षण शिविर के लिए हुआ था।
इसके बाद भुवनेश्वर स्थित कीट विश्वविद्यालय में प्रशिक्षण शिविर आयोजित किया गया। प्रशिक्षण के बाद 13 से 17 अगस्त तक थाईलैंड में हुए अभ्यास मैचों में सिमरन ने शानदार प्रदर्शन किया। इसके आधार पर उन्हें भारतीय टीम में जगह मिली।
सिमरन की यह उपलब्धि उनके परिवार और करोम गांव के साथ-साथ पूरे सीवान जिले के लिए गौरव का विषय है। उनकी सफलता जिले की अन्य युवा रग्बी खिलाड़ियों के लिए प्रेरणा बनेगी और उन्हें राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित करेगी।



