Godda : विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर अदाणी फाउंडेशन द्वारा पावर प्लांट से सटे गांवों के सरकारी स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों में विशेष पर्यावरण जागरूकता और वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किए गए। इस वर्ष पर्यावरण दिवस की वैश्विक थीम थी “प्लास्टिक प्रदूषण को समाप्त करना”, जिसके अंतर्गत फाउंडेशन ने क्षेत्र में विभिन्न रचनात्मक गतिविधियां संचालित कीं।

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कार्यक्रम की शुरुआत स्कूली बच्चों द्वारा जागरूकता रैली से हुई, जिसमें उन्होंने सिंगल यूज़ प्लास्टिक के बहिष्कार और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। इसके पश्चात 12 स्कूल परिसरों और आंगनबाड़ी केंद्रों में वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें 200 से अधिक पौधे लगाए गए।

इस अभियान में 500 से अधिक छात्र, शिक्षक, स्कूल स्टाफ, ग्रामीण प्रतिनिधि और स्कूल प्रबंधन समिति के सदस्य सक्रिय रूप से शामिल हुए। कार्यक्रम के दौरान पर्यावरण सुरक्षा को लेकर विशेष संदेश दिए गए और समुदाय को प्लास्टिक के दुष्प्रभावों से अवगत कराया गया। साथ ही, प्लास्टिक के विकल्प के रूप में प्रतिभागियों को जूट बैग भी वितरित किए गए।

पौधारोपण करने वालों में कई स्थानीय गणमान्य लोग शामिल थे, जिनमें मोतिया गांव से बीरबल सिंह, अनिल झा, बासुदेव चौधरी; डुमरिया से मुनचुन झा, ललन किशोर झा, ध्रुव नंदन झा; पंटवा से मधु देवी, हेमलता देवी, बेबी देवी, बबिता देवी और मनोहर साह प्रमुख रहे। बक्सरा गांव से मणि शंकर मंडल, संतोष रामदास, श्रीकांत साह और प्रानधन साह ने भी सहभागिता की।
इसके अतिरिक्त गंगटा से सोनालाल सोरेन, फुलचन सोरेन, फुलमनी मुर्मू, तालको मुर्मू, कनक लता सोरेन और कोड़ीबहियार के दिलीप सिंह, अवधेश यादव ने भी वृक्षारोपण किया और पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया।
कार्यक्रम में अदाणी पावर प्लांट के वरिष्ठ अधिकारी संजीव कुमार सिंह और के. देवानेशन समेत अन्य कर्मचारियों ने भी सक्रिय भागीदारी की। आयोजन के सफल संचालन में अदाणी फाउंडेशन की अर्चना सिन्हा, रोहित भारती, सुमित सागर, अभय वर्मा, प्रीति कुमारी, संजू मिश्रा, और विरेन्द्र का सराहनीय योगदान रहा।
यह आयोजन न सिर्फ पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम रहा, बल्कि ग्रामीण समुदाय में पर्यावरण के प्रति जागरूकता बढ़ाने की दिशा में भी प्रेरणादायक पहल साबित हुआ।

