- इमरजेंसी वार्ड में पानी संकट और गंदगी से जूझते मरीज, शिकायतों के बाद भी प्रशासन मौन
मुकेश रंजन
Ranchi : देश के प्रतिष्ठित मानसिक स्वास्थ्य संस्थानों में शुमार Central Institute of Psychiatry (सीआईपी) के इमरजेंसी वार्ड से स्वास्थ्य व्यवस्था की गंभीर लापरवाही उजागर हुई है। यहां बाथरूमों में पानी की भारी किल्लत और फैली गंदगी ने मरीजों तथा उनके परिजनों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं।
इमरजेंसी वार्ड के शौचालयों की हालत बेहद खराब बताई जा रही है। साफ-सफाई के अभाव में बाथरूमों से दुर्गंध उठ रही है, जबकि कई जगह गंदगी जमा रहने से संक्रमण फैलने का खतरा भी मंडरा रहा है। सुबह के समय पानी नहीं रहने के कारण मरीजों और उनके परिजनों को काफी परेशानी झेलनी पड़ रही है। मजबूरी में कई लोगों को दूसरे वार्डों के शौचालयों का सहारा लेना पड़ रहा है।
परिजनों का कहना है कि इस समस्या को लेकर कई बार अस्पताल प्रशासन से शिकायत की गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। उनका आरोप है कि मानसिक रोगियों को जहां विशेष देखभाल और स्वच्छ वातावरण मिलना चाहिए, वहीं इमरजेंसी वार्ड की बदहाल स्थिति अस्पताल प्रबंधन की उदासीनता को उजागर कर रही है।
मरीजों के परिजनों में इस अव्यवस्था को लेकर गहरा आक्रोश है। उनका कहना है कि देशभर से लोग बेहतर इलाज की उम्मीद लेकर सीआईपी पहुंचते हैं, लेकिन यहां की बुनियादी सुविधाओं की ऐसी स्थिति संस्थान की छवि को धूमिल कर रही है।
खबर लिखे जाने तक संस्थान के निदेशक से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनसे बातचीत नहीं हो सकी।
मुख्य बातें :-
– इमरजेंसी वार्ड के बाथरूमों में पानी की गंभीर समस्या।
– गंदगी और दुर्गंध से मरीज व परिजन परेशान।
– शिकायतों के बावजूद नहीं हुई कोई प्रभावी कार्रवाई।
– संक्रमण फैलने की आशंका से बढ़ी चिंता।
– अस्पताल प्रशासन की कार्यशैली पर उठे सवाल।



