झारखंड में नाबालिग नक्सली का सरेंडर, 12 साल की उम्र में थामा था हथियार

West Singhbhum : झारखंड में नक्सल विरोधी अभियान को बड़ी सफलता मिली है। सारंडा क्षेत्र में सक्रिय एक नाबालिग नक्सली ने गुरुवार को राउरकेला पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया। यह नक्सली कई गंभीर घटनाओं, जिनमें विस्फोटक लूट और रेल ट्रैक उड़ाने जैसी वारदातें शामिल

झारखंड में नाबालिग नक्सली का सरेंडर, 12 साल की उम्र में थामा था हथियार
Advertisement

West Singhbhum : झारखंड में नक्सल विरोधी अभियान को बड़ी सफलता मिली है। सारंडा क्षेत्र में सक्रिय एक नाबालिग नक्सली ने गुरुवार को राउरकेला पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया। यह नक्सली कई गंभीर घटनाओं, जिनमें विस्फोटक लूट और रेल ट्रैक उड़ाने जैसी वारदातें शामिल हैं, में संलिप्त रहा है।

पुलिस अधीक्षक कार्यालय में डीआईजी बृजेश राय और एसपी नितेश वाधबानी की मौजूदगी में नक्सली ने कार्बाइन सौंपते हुए सरेंडर किया। सरेंडर करने वाला नक्सली पश्चिमी सिंहभूम जिले के जामदा क्षेत्र का निवासी है और दक्षिण छोटानागपुर डिवीजन का सक्रिय सदस्य रहा है।

डीआईजी बृजेश राय ने बताया कि वर्ष 2022 में महज 12 वर्ष की उम्र में यह नाबालिग नक्सली संगठन में शामिल हो गया था। वह 15 लाख रुपये के इनामी आरसीएम सदस्य मोछू उर्फ मेहतन उर्फ विभीषण उर्फ कम्बा मुर्मू के दस्ते के साथ काम कर रहा था।

नक्सली संगठन में रहते हुए वह सारंडा के बालिबा, तिरिलपोसी, लाईलोर, जमनडीह और जोजोडेरा सहित कोल्हान के जंगलों में सक्रिय रहा। उसके खिलाफ केबलांग थाना क्षेत्र में विस्फोटक लूट और रेल ट्रैक उड़ाने सहित चार मामले दर्ज हैं।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सारंडा के जंगलों में अब भी कई इनामी नक्सली सक्रिय हैं, लेकिन नाबालिग नक्सली का सरेंडर सुरक्षा बलों के लिए एक अहम कामयाबी है और अन्य युवाओं के लिए सकारात्मक संदेश भी देता है।

WhatsApp Group जुड़ने के लिए क्लिक करें 👉 Join Now
Facebook
X
Threads
WhatsApp
Telegram
संबंधित खबरें.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *